Tuesday, October 29, 2013

आयशा बड़े कमाल की



नौ महीने की हुई आयशा
खाटू-सालासर चली गयी
बाल कटा कर भेंट चढ़ादी 
जय कन्हैया लाल की
आयशा बड़े कमाल की।

रात-रात भर गरबा देखा
थकने की कोई बात नहीं
दोनों हाथो में लेकर डांडिया
सबके साथ धमाल की
आयशा बड़े कमाल की।

घूम-घूम कर पूजा देखी
गली-मुहल्ले पंडाल की 
फूलो सी चमकाए आँखे 
देख चमक पंडाल की
आयशा बड़े कमाल की।

घर का कोना-कोना छाने
चिमट्टी बड़े कमाल की
किचन में जब भी जाती
शामत आती थाल की
आयशा बड़े कमाल की।

वैष्णो देवी के दर्शन कर  
कश्मीर घूमने चली गयी
मम्मी संग घोड़े पर बैठी 
नानाजी को बनाया पालकी
आयशा बड़े कमाल की ।



 

आयशा अपने नानाजी एवं मामाजी के संग माता वैष्णो देवी के दर्शनार्थ। 




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