Wednesday, October 24, 2012

फाल का मौसम -पिट्सबर्ग





सुबह धना कोहरा
दिन में हलकी बारिश
शाम को गुलाबी ठण्ड
रात में चमचमाते जुगनू

परिधान बदलती धरती 
रंग-बिरंगे पेड़ पौधे
दौड़ते हुए हस्ट-पुस्ट
लडके-लड़कियां 

हरी-भरी वादियाँ
ऊँचे पर्वतों पर
अठखेलियाँ करती
काली घटायें 

मोनोंगैहेला नदी और
ऐलेगनी का संगम स्थल 
ओहियो के उदगम पर    
मनभावन सूर्योदय

फाल के मौसम  में
धरती का स्वर्ग
बन जाता है
पिट्सबर्ग।


  [ यह कविता "कुछ अनकही***" में प्रकाशित हो गई है। ]
  

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